संस्कृत लिप्यन्तरण : वेबसाइट पर लिप्यन्तरक लगाने की विधि (भाग-५)

संस्कृत लिप्यन्तरक को सिर्फ विकि पर ही नहीं, किसी सामान्य वेबसाइट पर भी जोड़ा जा सकता है।

१) जावास्कृप्ट टूल : औन्लाइन होने से इसके कई फायदे हैं। इसे आसानी से पृष्ठ के हेडर भाग में जोड़ा जा सकता है। भाषा सूची को भी पृष्ठ के ऊपरी कोने में लगाया जा सकता है।

२) पूर्ण संस्कृत वेबसाइट : ऐसे पृष्ठ जिनमें मात्र संस्कृत पाठ ही हैं, उन्हें पूरी तरह से लिप्यन्तरित किया जा सकता है।

३) अंशतः संस्कृत वेबसाइट : अधिकांशतः पन्नों में संस्कृत अंशतः मौजूद होती है, जैसे श्लोक इत्यादि की व्याख्या हेतु। ऐसे पन्नों के संस्कृत में लिखे भाग में उसकी भाषा का उल्लेख lang='sa' जोड़ कर किया जा सकता है। इससे उपकरण को यह ज्ञात हो जायेगा कि मात्र यह लेख ही संस्कृत भाषा में है, अन्य नहीं। इससे मात्र उन क्षेत्र का लिप्यन्तरण होगा जो संस्कृत भाषा में हैं।

४) पृष्ठ में यूटीएफ-८ समर्थन : वेबसाइट के आम हेडर में मात्र यह यूटीएफ जोड़ देने से सारे पन्ने जो इस हेडर का प्रयोग करते हैं, उनमें इसका समर्थन आ जाएगा। सर्वप्रथम इस एचटीएमएल पृष्ठ को UTF-8 का समर्थन करना चाहिए। इसके लिए <html> के <head> में <meta http-equiv="Content-Type" content="text/html; charset=UTF-8"> जोड़ दें।

५) शीर्षक का लिप्यन्तरण : अगर पृष्ठ के शीर्षक का लिप्यन्तरण नहीं चाहिए तो notitle का चयन करें।

६) संस्कृत की प्राथमिक लिपि : वेबसाइट या पन्ने की प्राथमिक लिपि पहले से ही निश्चित कर लें, इसके लिए उपयुक्त भाषा का चयन करें।

७) अन्य भारतीय भाषाओं में बनी वेबसाइट : भारत में लगभग सभी भारतीय भाषाओं पर अंतर्जाल पर बहुत सामग्री है, लोग कई ब्लॉग भी लिखते हैं। इनमें सामान्यतः संस्कृत का कोई पाठ नहीं होता, पर कई बार मूल लिपि पढ़ना भी सुविधाजनक नहीं होता। जैसे, मेरे कई मित्र ऐसे हैं जो हिन्दी समझ तो लेते हैं पर बोलने और पढ़ने में थोड़ी कठनाई होती है। अतः इनके लिए हिन्दी पाठ को कन्नड़ या तेलुगू में लिप्यन्तरित करके पढ़ा जाए तो उनके लिए भी आसान होगा। अतः सामान्य वेबसाइट भी विशेषकर ब्लौग समुदाय  इसका लाभ उठा सकते हैं।

संस्कृत लिप्यन्तरण
सार्वभौमिक और स्वचालित (भाग-१)
उपकरण रूपरेखा (भाग-२)
विकि विशेष (भाग-३)
तकनीकि विवरण (भाग-४)
संस्कृत वेबसाइट एकीकरण (भाग-५)
भारतीय भाषा अंतः लिप्यन्तरण परियोजना (भाग ६)
उपकरण उत्थान संबंधी सुझाव (भाग-७)

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